इटावा देशभक्ति के जज्बे और राष्ट्रीय गौरव के प्रतीक 77वें गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर इटावा के संत विवेकानंद सीनियर सेकेंडरी पब्लिक स्कूल में भव्य समारोह का आयोजन किया गया। विद्यालय का कोना-कोना तिरंगे की छटा और राष्ट्रभक्ति के गीतों से सराबोर नजर आया। कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ मुख्य अतिथि, कुलभास्कर महाविद्यालय के गणित विभाग के पूर्व प्रवक्ता अशोक कुमार जी एवं विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. आनंद द्वारा ध्वजारोहण कर किया गया। तिरंगा फहराने के साथ ही समूचा परिसर राष्ट्रगान की गूंज से भर उठा। इसके उपरांत अतिथियों ने भारत माता के अमर सपूतों और क्रांतिकारियों के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उपस्थित जनसमूह ने देश की एकता और अखंडता को अक्षुण्ण बनाए रखने का संकल्प लिया।

समारोह की अगली कड़ी में सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने समां बांध दिया। विद्यालय के छात्रों ने जब “विजयी विश्व तिरंगा प्यारा” गीत की प्रस्तुति दी, तो वहां मौजूद हर व्यक्ति भावविभोर हो उठा। संगीत शिक्षिका शिल्पी जैन, अर्चना गुप्ता और जुबैरी सर के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने एक से बढ़कर एक एकल व समूह नृत्य, ओजपूर्ण भाषण और देशभक्ति कविताओं की प्रस्तुति दी। इसके साथ ही व्यायाम शिक्षक महेंद्र सर के निर्देशन में छात्रों द्वारा प्रस्तुत की गई योग गतिविधियों ने दर्शकों को दांतों तले उंगली दबाने पर मजबूर कर दिया। इन शारीरिक कौशलों के माध्यम से संदेश दिया गया कि एक सशक्त राष्ट्र के लिए नागरिकों का मानसिक और शारीरिक रूप से स्वस्थ होना भी अनिवार्य है।
कार्यक्रम के समापन पर प्रधानाचार्य डॉ. आनंद ने अपने संबोधन में शहीदों को नमन करते हुए राष्ट्र निर्माण में ईमानदारी की भूमिका पर बल दिया। उन्होंने प्रेरणादायी शब्दों में कहा कि यदि प्रत्येक नागरिक अपने कर्तव्यों का पालन निस्वार्थ भाव और ईमानदारी से करे, तो यही सच्ची देशभक्ति होगी। उन्होंने सभी को लोकतंत्र की मजबूती के लिए शपथ भी दिलाई। कार्यक्रम को सफल बनाने में डॉ. हेराल्ड, अर्चना कुलश्रेष्ठ, पुष्पेंद्र सिंह सेंगर और समस्त शिक्षक स्टाफ का विशेष सहयोग रहा, जबकि मंच का कुशल संचालन चित्रा परिहार और निधि पाण्डेय ने किया। इस भव्य आयोजन ने न केवल गणतंत्र के महत्व को रेखांकित किया, बल्कि युवा पीढ़ी के दिलों में राष्ट्रप्रेम की लौ को और भी प्रज्वलित कर दिया।











