इटावा शिक्षा के आधुनिक स्वरूप और विद्यार्थियों के मानसिक विकास को ध्यान में रखते हुए पान कुंवर इंटरनेशनल स्कूल में सीबीएसई द्वारा आयोजित ‘हैप्पी क्लासरूम’ प्रशिक्षण कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन और विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुआ, जिसके उपरांत विद्यालय परिवार द्वारा आए हुए अतिथियों का गर्मजोशी से स्वागत और सम्मान किया गया। इस विशेष प्रशिक्षण सत्र में झांसी के प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों से आए विषय विशेषज्ञ आलोक विरमानी और रूबेन कुरियन मैथ्यू ने मुख्य संसाधन व्यक्तियों के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। दोनों विशेषज्ञों ने अपने गहन अनुभवों को साझा करते हुए शिक्षकों को उन आधुनिक पद्धतियों से रूबरू कराया, जो कक्षा के भीतर एक जीवंत और आनंदमय वातावरण बनाने में सहायक सिद्ध होती हैं।
प्रशिक्षण के दौरान इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि एक शिक्षक किस प्रकार कक्षा के परिवेश को सकारात्मक बना सकता है, ताकि विद्यार्थी केवल रटने की बजाय सीखने की प्रक्रिया का आनंद ले सकें। विभिन्न संवादात्मक गतिविधियों और व्यवहारिक उदाहरणों के माध्यम से शिक्षकों को समझाया गया कि शिक्षा को बोझ बनाने के बजाय उसे रोचक और उत्साहवर्धक बनाना अनिवार्य है। विद्यालय के चेयरमैन डॉ. कैलाश चंद्र यादव ने अपने संबोधन में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि उनका संस्थान बच्चों के हितों को सदैव सर्वोपरि रखता है और उन्हें उत्कृष्ट मार्गदर्शन देने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
इसी क्रम में प्रधानाचार्य श्री अरविंद कुमार तोमर ने जनपद के विभिन्न विद्यालयों से आए शिक्षकों का अभिनंदन करते हुए शिक्षा के प्रसार को एक साझा सामाजिक जिम्मेदारी बताया। उन्होंने जोर देकर कहा कि समाज के नवनिर्माण में प्रत्येक शिक्षक की भूमिका मील का पत्थर साबित होती है। इस कार्यशाला में इटावा के अनेक विद्यालयों के शिक्षकों ने बड़ी संख्या में प्रतिभाग किया और पूरे सत्र के दौरान उनमें सीखने का एक विशेष उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा दिखाई दी। नवाचार को बढ़ावा देने वाला यह प्रशिक्षण कार्यक्रम न केवल शिक्षकों के ज्ञानवर्धन में सहायक रहा, बल्कि भविष्य में शिक्षा के स्तर को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की दिशा में एक सार्थक कदम साबित हुआ।











