नई दिल्ली।राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में लाल किला के पास हुए कार बम धमाके का अल फलाह यूनिवर्सिटी के कमरा नंबर 22 से कनेक्शन सामने आया है। 15 लोगों की जान लेने वाले इस धमाके के मुख्य आरोपियों में से एक शाहीन सईद को लेकर एनआईए फरीदाबाद के अल फलाह यूनिवर्सिटी पहुंची। शाहीन आतंकवादीं डॉक्टरों की एक टीम बनाने की प्रभारी थीं।शाहीन अल फलाह में प्रोफेसर के तौर पर कार्यरत थी। यह यूनिवर्सिटी अब लाल किले के पास हुए धमाके की केंद्र बनी हुई है।
सूत्रों के मुताबिक उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ की निवासी शाहीन को भारत में पाकिस्तान स्थित आतंकवादी समूह जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) की महिला शाखा स्थापित करने का काम सौंपा गया था।गुरुवार को एनआईए शाहीन को विश्वविद्यालय ले गई। एनआईए उसे परिसर में विभिन्न स्थानों पर ले गई। शाहीन कमरा नंबर 22 में रहती थी। साथ ही उन कक्षाओं में ले गई जहां वह पढ़ाती थी।
यूनिवर्सिटी के कर्मचारियों के सामने एनआईए ने शाहीन से पूछताछ की।जांच एजेंसी ने पूछा कि परिसर में शाहीन से कौन-कौन मिला था।शाहीन की मुलाकात यूनिवर्सिटी के कुलपति से भी कराई गई। धमाके मामले के एक अन्य आरोपी मुजम्मिल शकील गनई ने खुलासा किया कि उसने 2023 में शाहीन से कानूनी तौर पर शादी की थी। रिपोर्टों के अनुसार उनकी शादी अल फलाह यूनिवर्सिटी के पास एक मस्जिद में हुई थी।
मुजम्मिल और शाहीन दोनों यूनिवर्सिटी से लेकर मेवात इलाके तक एक आतंकी नेटवर्क स्थापित करने में शामिल थे। शाहीन इस नेटवर्क में महिलाओं की भर्ती के लिए जिम्मेदार थी। गुरुवार को एनआईए शाहीन को फरीदाबाद के खोरी जमालपुर ले गई, जहां उसने और मुजम्मिल ने एक फ्लैट किराए पर लिया। बाद में उसे वापस दिल्ली ले जाया गया।











