सामाजिक वानिकी प्रभाग,जिला गंगा समिति एवं जिला पर्यावरण समिति इटावा के संयुक्त तत्वाधान में वृक्षारोपण एवं वृक्ष भंडारा कार्यक्रम का आयोजन दिव्य ज्योति भवन कामेत एवं कंपोजिट विद्यालय दतावली, इटावा मे किया गया।
ब्रह्मकुमारी मंजू बहन ने कहा कि हम सभी लोग कम से कम एक पौधा लगाए, ताकि आने वाली पीड़ियों को भी हम शुद्ध हवा दे सकें। हर नागरिक से यही उम्मीद की जाती है कि एक पेड़ मां के नाम अवश्य लगाएं।
विद्यालय प्रधानाचार्या सरला यादव ने बताया कि हमारे ऋषि-मुनियों ने तपस्या की वेद उपनिषदों की रचना वृक्षों की गोद में बैठकर की और वृक्ष जन्म जीवन , मृत्यु मानव और विश्व के लिए धारा एवं जल के लिए उपयोगी है।
डीपीओ नमामि गंगे संजीव चौहान ने कहा कि वृक्षारोपण से कई लाभ हैं, जिनमें पर्यावरण, स्वास्थ्य और आर्थिक लाभ शामिल हैं। वृक्षारोपण वायुमंडल से कार्बन डाइऑक्साइड को अवशोषित करके, ऑक्सीजन छोड़ते हैं, जिससे वायु की गुणवत्ता में सुधार होता है और जलवायु परिवर्तन को कम करने में मदद मिलती है।
जेआरएफ डॉ. संगीता ने बताया कि वृक्ष लंबे समय तक वायु की गुणवत्ता में सुधार, जलवायु सुधार, जल संरक्षण, मृदा संरक्षण और वन्यजीवों को सहारा देकर अपने पर्यावरण में योगदान देते हैं। प्रकाश संश्लेषण की प्रक्रिया के दौरान, पेड़ कार्बन डाइऑक्साइड ग्रहण करते हैं और ऑक्सीजन उत्पन्न करते हैं।
कार्यक्रम को सफल बनाने मे ब्रह्मकुमारी सुधा बहन, ब्रह्मकुमार शैलेंद्र भाई, पदमा पोरवाल, ज्योत्सना सिंह एवं रतन तिवारी का उल्लेखनीय योगदान रहा।









