=घर के दरवाजे की चौखट पर संदिग्ध अवस्था में झूलती मिली मृदुला,
भरथना,इटावा। भरथना कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मोढी निवासी 48 वर्षीय सरकारी विद्यालय की प्रधानाध्यापिका मृदुला दोहरे पुत्री रामेश्वर दयाल दोहरे के परिजनों में बुधवार की सुबह साढ़े 10 बजे उस समय कोहराम मच गया जब प्रधानाध्यापिका मृदुला दोहरे का शव घर के दरवाजे की चौखट पर संदिग्ध अवस्था में फांसी के फंदे पर झूलता देखा गया।
घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने फॉरेंसिक टीम के सहयोग से घटना स्थल का निरीक्षण कर मृतका के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मुख्यालय भेजा है।
मृतका मृदुला दोहरे क्षेत्र की ग्राम पंचायत लहरोई के मजरा ग्राम मोहन में संचालित सरकारी प्रार्थमिक विद्यालय में प्रधानाध्यापिका के पद पर तैनात थी, ग्रामीणों ने बताया मृदुला बीते कुछ समय से मानसिक रूप से परेशान चल रही थी, जिसके इलाज के लिए मृदुला कुछ दवाइयां खाती थी।
मृतका अपने पिता की पांच संतानों में कुल तीन बहनों में सबसे बड़ी थी उसके दो भाइयों में सुनील दोहरे परिवार में सबसे बड़ा भाई था जबकि दूसरा शुभम छोटा भाई था,मृदुला ने पिता के निधन हो जाने के कारण अपनी दोनों छोटी बहनों और छोटे भाई की शादी स्वयं की थी।
मृदुला के पिता रामेश्वर दयाल का वर्ष 2002 में निधन हो गया था। प्रधानाध्यापिका मृदुला की मौत से 75 वर्षीय बुजुर्ग मां देवकी दोहरे,भाई सुनील शुभम समेत उसके परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
पुलिस घटना के सम्बन्ध में जांच कर रही है।









